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Last Updated: Thu, 09 Feb 2012 04:44:23 +0530

Tue, 16 Feb 2010 15:46:00 +0000

विधानसभा: नई राजधानी के भूमिअधिग्रहण का मामला गूंजा



विधानसभा के बजट सत्र के द्धितीय चरण का पहला दिन हंगामेदार रहा। प्रश्नकाल में नेता प्रतिपक्ष रविंद्र चौबे ने नई राजधानी के भूमिअधिग्रहण का मामला उठाते हुए सवाल किया कि नई राजधानी में निजी भूमि अधिग्रहण के बदले कितना मुआवजा दिया गया है।
36गढ़ डाट इन

रायपुर,16 फरवरी (36गढ़ डाट इन) विधानसभा के बजट सत्र के द्धितीय चरण का पहला दिन हंगामेदार रहा। प्रश्नकाल में नेता प्रतिपक्ष रविंद्र चौबे ने नई राजधानी के भूमिअधिग्रहण का मामला उठाते हुए सवाल किया कि नई राजधानी में निजी भूमि अधिग्रहण के बदले कितना मुआवजा दिया गया है।

साथ ही उन्होंने वेदांता ग्रुप को दी गई जमीन और सुविधाओं के बारे में भी सवाल उठाया। उनके प्रश्न के उत्तर में नगरीय प्रशासन मंत्री राजेश मूणत ने कहा कि नई राजधानी के लिए एनआरडीए द्वारा 31 दिसंबर 2009 तक 3573.777 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित की गई है।

इसमें से आपसी सहमति के आधार पर 355.307 हेक्टेयर तथा अनिवार्य भूअर्जन के तहत 18.47 हेक्टेयर भूमि अर्जित की गई है।

उन्होंने बताया कि आपसी सहमति से क्रय की गई भूमि का मुआवजा सिंचित भूमि के लिए 14.75 लाख प्रति हेक्टेयर तथा असिंचित भूमि के लिए 13.75 लाख प्रति हेक्टेयर की दर से भुगतान किया गया है।

1 अप्रैल 2007 से 31 मार्च 2008 तक क्रय की गई भूमि पर अतिरिक्त पैकेज के रूप में 5 प्रतिशत, 1 अप्रैल 2008 से 31 मार्च 2009 तक क्रय की गई भूमि पर 10 प्रतिशत तथा 1 अप्रैल 2009 से 31 दिसंबर 2009 तक क्रय की गई भूमि पर अतिरिक्त पैकेज के रूप में 20 प्रतिशत राशि दी गई है।

उन्होंने बताया कि अनिवार्य भू-अर्जन के तहत अर्जित भूमि का मुआवजा भू-अर्जन अधिकारी द्वारा शासकीय गाइड लाइन के अनुसार दिया गया है।

राजेश मूणत ने कहा कि सभी अधिग्रहण ग्रामीणों की सहमति पर हुए है। वेदांता ग्रुप को पट्टे पर भूमि दिए जाने के बारे में उन्होंने स्पष्ट किया कि छत्तीसगढ़ की जरूरत के अनुरूप निर्धारित शर्तों के आधार पर ही पट्टे दिए गए है।

 उन शर्तों का पालन करना अनिवार्य है। इसके क्रियान्वयन के लिए समिति गठित की गई है। उन्होंने बताया कि एनआरडीए द्वारा किसानों से भूमि अधिग्रहण के बाद ऐसी भूमि जो अन्य संस्था को सशुल्क हस्तांतरित की गई है।

उसमें एनआरडीए द्वारा कोई व्यय नहीं किया गया है। नया रायपुर में अधोसंरचना विकास के अनुमानित आंकलन 1620 करोड़ रुपए के विरूद्ध अभी तक 165.14 करोड़ रुपए व्यय किए गए है। चर्चा में विधायक अजीत जोगी ने भी भाग लिया।

36गढ़ डाट इन








 

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