छत्तीसगढ़ के किसानों की आर्थिक स्थिति सुधारने तथा उन्हें और भी ज्यादा खुशहाल बनाने के उद्देश्य से खेती किसानी सहित उद्यानिकी, पशुपालन, और कार्यक्रमों के सफल क्रियान्वयन के लिए अब समाज सेवी संस्थाओं के साथ-साथ आदान प्रदायकों और सार्वजनिक क्षेत्र की कम्पनियों की भी मदद ली जाएगी।
रायपुर,17 फरवरी (36गढ़ डाट इन) छत्तीसगढ़ के किसानों की आर्थिक स्थिति सुधारने तथा उन्हें और भी ज्यादा खुशहाल बनाने के उद्देश्य से खेती किसानी सहित उद्यानिकी, पशुपालन, और कार्यक्रमों के सफल क्रियान्वयन के लिए अब समाज सेवी संस्थाओं के साथ-साथ आदान प्रदायकों और सार्वजनिक क्षेत्र की कम्पनियों की भी मदद ली जाएगी।
राज्य सरकार ने खेती-किसानी के विकास के लिए विभिन्न कार्यक्रमों को अधिक से अधिक किसानों तक पहुंचाने के लिए उनका संचालन 'पब्लिक प्राईवेट पार्टनरशिप' आधार पर करने की कारगर पहल की है।
इन सभी कार्यक्रमों का संचालन आत्मा योजना के तहत किया जाएगा। शासन द्वारा इसके लिए इच्छुक संगठनों से अभिरूचि प्रस्ताव आमंत्रित किए जा रहे हैं। छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में आत्मा योजना के तहत अभिरूचि के आमंत्रण के लिए 15 मार्च 2010 तक का समय निर्धारित किया गया है।
कृषि विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि आत्मा योजना के तहत बस्तर जिले में अभिरूचि की अभिव्यक्ति के आमंत्रण के लिए उपयुक्त संस्थाएं, संगठनों और व्यक्तियों द्वारा सात विषयों पर प्रस्ताव आमंत्रित किए जा रहे हैं।
इन विषयों में फार्म स्कूल, कृषकों का शैक्षणिक भ्रमण, कृषक प्रशिक्षण, प्रदर्शन, विभिन्न कृषक संगठनों का सुदृढ़ीकरण और उनका क्षमता विकास तथा परिचालन सहायता सहित तकनीकी सूचना का प्रसार और तकनीकी कृषि
जैसे महत्वपूर्ण विषयों और घटकों को शामिल किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि इच्छुक संस्थाएं इन विषयों के लिए निर्धारित मापदण्डों और अन्य जानकारियों की प्राप्ति के लिए प्रोजेक्ट डायरेक्क्टर सह उप संचालक कृषि कार्यालय जगदलपुर में 500 रूपए शुल्क देकर प्राप्त कर सकते हैं।
आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि अभिरूचि की अभिव्यक्ति के आमंत्रण समाचार पत्रों में प्रकाशन के 15 दिनों के बाद के वाले दिन में अपरान्ह 3 बजे तक निर्धारित की गई है।
अभिरूचि की अभिव्यक्ति के प्रस्तुत करने के पश्चात संबंधित आवेदकों द्वारा आगामी 15 मार्च को दोपहर 2 बजे जिला कार्यालय के सभाकक्ष में मूल दस्तावेजों सहित गतिविधियों का विस्तृत प्रस्तुतिकरण्ा दिया जाएगा।
प्रस्तुतिकरण के समय इच्छुक संस्था के प्रतिनिधि को जरूरी दस्तावेजों सहित उपस्थित रहना अनिवार्य किया गया है। प्रस्तुतिकरण के बाद 'आत्मा' योजना की प्रबंध कार्यकारिणी की अनुशंसा के आधार पर योग्य संस्थाओं का चयन किया जाएगा।
36गढ़ डाट इन